हिन्दी समाचार : धरमजयगढ़
धरमजयगढ़ की सड़कों पर बेलगाम दौड़ रहे ओवरलोड फ्लाईएश वाहनों को लेकर अब जनाक्रोश तेज हो गया है। जहां एक ओर विपक्ष इस गंभीर मुद्दे पर पूरी तरह खामोश नजर आ रहा है, वहीं सत्तापक्ष के ही पदाधिकारी खुलकर विरोध में उतर आए हैं। नाराज लोगों ने एसडीएम धरमजयगढ़ एवं थाना प्रभारी को ज्ञापन सौंपकर सख्त कार्यवाही की मांग करने की बात कही है।
बताया जा रहा है कि भारतमाला परियोजना के तहत बन रही सड़क के लिए प्रतिदिन सैकड़ों वाहनों से फ्लाईएश का परिवहन किया जा रहा है। इनमें से अधिकांश वाहन नियमों को ताक पर रखकर ओवरलोड होकर सड़कों पर दौड़ रहे हैं। हालत यह है कि चलते वाहनों से लगातार फ्लाईएश सड़क पर गिरता रहता है, जिससे हादसों का खतरा भी बढ़ गया है। इसके बावजूद स्थानीय प्रशासन की ओर से अब तक कोई ठोस कार्यवाही नहीं की गई है।
भाजपा मंडल महामंत्री जगदीश सरकार ने पहले भी इस मुद्दे को उठाते हुए प्रशासन से ओवरलोड और तेज रफ्तार वाहनों पर कार्रवाई की मांग की थी, लेकिन समाचार प्रकाशन के बाद भी कोई असर नहीं दिखा। अब उन्होंने साफ कहा है कि इस बार लिखित में ज्ञापन सौंपकर एसडीएम और थाना प्रभारी से सख्त कार्रवाई की मांग की जाएगी।
❗ विपक्ष की चुप्पी पर सवाल
इस पूरे मामले में विपक्ष की चुप्पी भी चर्चा का विषय बनी हुई है। जहां आम जनता रोजाना धूल और हादसों के खतरे से जूझ रही है, वहीं विपक्ष का कोई भी जनप्रतिनिधि इस मुद्दे पर खुलकर सामने नहीं आया है।
🔁 क्या फिर होगी सिर्फ औपचारिक कार्रवाई ?
गौरतलब है कि पहले भी ऐसी शिकायतों के बाद धरमजयगढ़ पुलिस और जिला परिवहन विभाग द्वारा अभियान चलाकर ओवरलोड वाहनों पर कार्रवाई की गई थी, जिससे कुछ समय के लिए राहत मिली थी। लेकिन जैसे ही कार्रवाई ठंडी पड़ी, फ्लाईएश वाहनों की मनमानी फिर शुरू हो गई।अब देखना होगा कि इस बार प्रशासन सख्त कदम उठाता है या फिर पहले की तरह कुछ दिनों की कार्रवाई के बाद मामला ठंडे बस्ते में चला जाएगा।
👉 स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रशासन को चाहिए कि लापरवाह वाहन चालकों पर कड़ी कार्रवाई करते हुए आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करे, अन्यथा आंदोलन और उग्र हो सकता है।








